चंदौसी/सम्भल। उत्तर प्रदेश के चंदौसी नगर के लिए गर्व का क्षण तब आया जब एसएम डिग्री कॉलेज के सामने चाय की दुकान चलाने वाले इंद्रमोहन डुडेजा के बेटे देव डुडेजा ने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की प्रतिष्ठित सिविल सेवा परीक्षा में 152वीं रैंक हासिल कर पूरे जिले का नाम रोशन कर दिया। देव की इस शानदार उपलब्धि से उनके परिवार, मित्रों और क्षेत्रवासियों में खुशी और गर्व का माहौल है।
देव डुडेजा की सफलता इस बात का प्रमाण है कि मेहनत, लगन और दृढ़ संकल्प के बल पर कोई भी व्यक्ति अपनी परिस्थितियों को पीछे छोड़कर ऊँचाइयों तक पहुंच सकता है। साधारण परिवार से आने वाले देव के पिता इंद्रमोहन डुडेजा चंदौसी में एसएम डिग्री कॉलेज के सामने चाय की दुकान चलाते हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपने बेटे की पढ़ाई में कभी कोई कमी नहीं आने दी।
गौरतलब है कि देव ने इससे पहले UPSC-2024 में भी शानदार प्रदर्शन करते हुए 327वीं रैंक प्राप्त की थी, जिसके आधार पर उनका चयन भारतीय राजस्व सेवा (IRS) में हुआ था। वर्तमान में वे नागपुर में अपनी ट्रेनिंग कर रहे हैं। लेकिन देव का लक्ष्य और भी ऊँचा था, इसलिए उन्होंने अपनी तैयारी जारी रखी और इस बार बेहतर प्रदर्शन करते हुए 152वीं रैंक प्राप्त कर ली।
विशेषज्ञों के अनुसार, 152वीं रैंक सामान्य श्रेणी में भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के लिए एक सुरक्षित रैंक मानी जाती है, जो आमतौर पर 1 से 230 के बीच आती है। इस उपलब्धि से देव के IPS अधिकारी बनने की संभावना मजबूत हो गई है।
देव डुडेजा की सफलता न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे चंदौसी और सम्भल जिले के युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है। उनकी कहानी यह संदेश देती है कि सपनों को साकार करने के लिए परिस्थितियां नहीं, बल्कि मेहनत और आत्मविश्वास मायने रखते हैं।
देव डुडेजा की इस उपलब्धि पर क्षेत्र के लोगों, शिक्षकों और समाजसेवियों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।

