‘कौन कहता है आसमां में सुराख नहीं हो सकता, एक पत्थर तो तबीयत से उछालो यारों’… असंभव को संभव करने वाली ये लाइनें छत्तीसगढ़ के संजय डहरिया (Sanjay Dharaiya) पर सटीक बैठती हैं। 6 साल तक कैंसर से लड़ाई, लकवा झेला, 4 बड़ी सर्जरी और कई बड़ी मुश्किलों के बावजूद उन्होंने हार मानना नहीं सीखा। अपने सपनों के लिए वह मजबूत होकर डटे रहे। अपनी लगातार मेहनत और बेजोड़ हिम्मत के दम पर उन्होंने 38 साल की उम्र में UPSC परीक्षा क्रैक कर ली। UPSC परीक्षा 2025 के रिजल्ट में उन्होंने 946वीं रैंक हासिल की।

