देश के सबसे बड़े सूबे उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनावों को लेकर गहमागहमी बढ़ने लगी है। तारीख अभी तय नहीं, लेकिन माना जा रहा है कि पंचायत चुनाव अगले साल होने वाले यूपी विधानसभा चुनाव के आसपास ही हो सकते हैं। ऐसे में जिला पंचायत अध्यक्ष, जिला पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान, ब्लॉक प्रमुख और बीडीसी सदस्य बनने की हसरत रखने वाले नेता अभी से अपने-अपने क्षेत्रों में पहचान बनाने में जुट गए हैं। पश्चिमी यूपी के मेरठ में जिला पंचायत सदस्यों के लिए 33 सीटें हैं और जिस राजनीतिक दल के समर्थित उम्मीदवार इनमें से सबसे ज्यादा सीटें जीतेंगे, जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी उसी को मिलेगी।
साल 2021 में हुए यूपी पंचायत चुनाव में बीजेपी, बीएसपी, सपा और आरएलडी ने जिला पंचायत सदस्य की इन 33 सीटों के लिए अपने-अपने समर्थित उम्मीदवार मैदान में उतारे थे। निर्दलीय प्रत्याशियों ने भी जमकर ताल ठोकी। चुनाव नतीजों का ऐलान हुआ तो आंकड़े हैरान करने वाले थे। बीजेपी समर्थित उम्मीदवारों को इस पंचायत चुनाव में सबसे कम सीटें मिलीं, जबकि बीएसपी के समर्थन वाले नेताओं को सबसे ज्यादा।

