गुजरात में चल रहे स्थानीय चुनावों में प्रचार के लिए गुजरात पहुंचे एआईएमआईएम सुप्रीमो असदुद्दीन ओवैसी ने कच्छ से बीजेपी और आरएसएस पर करारा निशाना साधा है. भुज दौरे पर देशभर में कौम की रहनुमाई का दावा करने वाले ओवैसी ने कहा, ‘दादा का बुलडोजर नहीं चलेगा, बाबा का बुलडोजर नहीं चलेगा. देश बाबासाहेब के संविधान से चलेगा. आज आप सत्ता में हैं, लेकिन आने वाले दिनों में जब आप सत्ता में नहीं होंगे, तब क्या होगा. आपको नैरेटिव गढ़ने से बचना चाहिए. मुसलमानों को नैरेटिव बनाकर टारगेट नहीं करना चाहिए. यहां हालात सही नहीं हैं, इसलिए मैं यहां उसूलों की बात करने आया हूं.’
गुजरात के भुज में एक चुनावी रैली में दिए गए भाषण में, ‘ओवैसी ने सरकार से मांग की कि जनगणना में एक ऐसा कॉलम शामिल किया जाए जिसमें यह बताया जाए कि किसकी दूसरी पत्नी है और किसी व्यक्ति ने कितनी शादियां की हैं, ताकि सच्चाई सामने आ सके. ताकि ये पता लग सके कि मुसलमानों की बजाय, अन्य समुदायों के लोगों की दूसरी पत्नियां अधिक हैं.’
ओवैसी ने मुस्लिम समुदाय की सभा को संबोधित करते हुए कहा,’यह एक भ्रामक कहानी है कि मुसलमानों की तीन पत्नियां होती हैं और वे बहुत सारे बच्चे पैदा करते हैं. आप लोग अपने धर्म में देखिए दूसरी ओर कैसे आरएसएस के प्रमुख मोहन भागवत तो अब खुद सभी हिंदुओं से कम से कम तीन बच्चे पैदा करने का आह्वान कर रहे हैं. गौरतलब है कि कुछ दक्षिणपंथी संगठन कहते हैं कि मुसलमान डेमोग्राफी बदलने के लिए चार शादी करते हैं और इस तरह एक पति और चार पत्नियों से कई बच्चे पैदा होते हैं. इस तरह ये कथित बयान अस्तित्व में आया – ‘हम पांच और हमारे पच्चीस’. ओवैसी ने इसी नैरेटिव का हवाला दिया.

