इंस्पेक्टर सुधीर पंवार को मुस्लिम व्यक्ति के पैर छूकर आशीर्वाद लेना पड़ा भारी, बजरंग दल के दबाव में एसपी के.के. बिश्नोई ने कर दिया तबादला!
संभल कोतवाली इंस्पेक्टर सुधीर पंवार को उनके पद से हटा दिया गया है। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के कार्यकर्ताओं के साथ विवाद और वर्दी में एक मुस्लिम नेता के पैर छूने का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक (एसपी) कृष्ण कुमार बिश्नोई ने यह कार्रवाई की। सुधीर पंवार को अब थाना असमोली भेजा गया है, जबकि इंस्पेक्टर मोहित चौधरी को संभल कोतवाली का नया प्रभारी नियुक्त किया गया है।
यह विवाद बीते मंगलवार को संभल कोतवाली कस्बा क्षेत्र के शंकर इंटर कॉलेज चौराहे पर हुआ था। यहां विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ता राम मंदिर चंदा चोरी के मुद्दे पर संसद में निर्दलीय सांसद पप्पू यादव द्वारा किए गए प्रदर्शन के विरोध में पुतला फूंक रहे थे। इसी दौरान इंस्पेक्टर सुधीर पंवार का प्रदर्शनकारियों से विवाद हो गया था।
विवाद के बाद इंस्पेक्टर सुधीर पंवार का एक वीडियो सामने आया, जिसमें वह वर्दी में मोहर्रम जुलूस के दौरान एक मुस्लिम नेता के पैर छूते हुए दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, कुछ लोगों ने इस वीडियो को चेहल्लुम जुलूस के बाद का बताया था, लेकिन पुलिस सूत्रों के अनुसार यह मोहर्रम के जुलूस के दौरान का ही है। इस वीडियो के सार्वजनिक होने के बाद एसपी ने उन्हें पद से हटाने का निर्णय लिया।
बजरंग दल के जिला संयोजक नितिन शर्मा ने इस घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि वर्दी पहनते समय शपथ दिलाई जाती है कि पुलिसकर्मी किसी के आगे नहीं झुकेंगे। शर्मा ने आरोप लगाया कि इंस्पेक्टर ने हिंदू समाज का उत्पीड़न किया और “जिहादियों” के पैर छुए, जिससे हिंदू समाज का मनोबल गिरा है।
नितिन शर्मा ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ संभल को “जिहादियों से मुक्त” कर रहे हैं और तीर्थों का जीर्णोद्धार हो रहा है। ऐसी स्थिति में, जहां भगवान विष्णु के दसवें अवतार भगवान श्री कल्कि का अवतार होगा, वहां का इंस्पेक्टर “अपराधी किस्म और राजनीतिक व्यक्ति” के पैर छू रहा है। उन्होंने मांग की कि ऐसे इंस्पेक्टर के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और उन्हें किसी भी थाने का चार्ज न देकर पुलिस लाइन भेजा जाना चाहिए। शर्मा ने संभल कोतवाली से हटाकर थाना असमोली का चार्ज देना भी अनुचित बताया।

