कुछ लोग पद से बड़े होते हैं और कुछ लोग अपने कर्मों से पद को बड़ा बना देते हैं। लेकिन चन्दौसी के डॉ गिरिराज किशोर गुप्ता , ऐसे ही व्यक्तित्व थे, जिनका जीवन सेवा, कर्तव्य और ईमानदारी का जीवंत उदाहरण रहा है उनका परिवार उनके लिए कभी बाधा नहीं बना, बल्कि समाज और जनता के प्रति उनका समर्पण ही उनका सच्चा धर्म रहा।
उन्होंने बिना शोर किए, बिना किसी अपेक्षा के, हर परिस्थिति में अपने दायित्वों का निर्वहन किया।
आज उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा “संभल रत्न अवार्ड”,से स्व.डॉ गिरिराज किशोर गुप्ता जी कोसम्मानित किया ,,,आज जनपद सम्भल के जिलाधिकारी डॉ राजेन्द्र पेंसिया एवं पुलिस अधीक्षक गुलाब देवी माध्यमिक शिक्षा मंत्री द्वारा उन्हें स्मरण कर सम्मानित किया गया यह सम्मान पुलिस लाइन में उनके बेटे मनोज गुप्ता उर्फ मीनू गुप्ता को दिया गया इस दौरान मीनू गुप्ता की धर्म पत्नी योजना गुप्ता भी मौजूद रहीं,,
सिर्फ एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि कर्तव्यनिष्ठ जीवन की विजय है।यह सम्मान यह सिद्ध करता है कि स्व.डॉ गिरिराज किशोर गुप्ता जी की सच्ची सेवा कभी व्यर्थ नहीं गई और जो अपने लिए नहीं, समाज के लिए जीते हैं ।उन्हें इतिहास ज़रूर याद रखता है।स्व.डॉ गिरिराज किशोर गुप्ता आज भले ही हमारे बीच शारीरिक रूप से न हों,
पर उनके संस्कार आदर्श और पहचान हमेशा कायम है और रहेगी आज भी पूरे शहर को और डॉ साहब के परिवार को गर्व के साथ सिर ऊँचा करके चलना सिखातें हैं।यह सम्मान स्व.डॉ गिरिराज किशोर जी की आत्मा को समर्पित,और हम सभी के लिए प्रेरणा है।
स्व.डॉ गिरिराज किशोर गुप्ता जी को नमन करता हूं ।

