बॉम्बे हाई कोर्ट ने एक अहम फैसले में कहा है कि उधार दिए गए पैसे वापस मांगना आत्महत्या के लिए उकसाने के बराबर नहीं माना जा सकता. कोर्ट ने कोल्हापुर के एक शिक्षक की आत्महत्या मामले में 6 आरोपियों के खिलाफ चल रही कार्यवाही रद्द कर दी. कोर्ट ने स्पष्ट किया कि IPC की धारा 306 तभी लागू होती है, जब किसी व्यक्ति को आत्महत्या के लिए जानबूझकर उकसाने का इरादा साबित हो. बॉम्बे हाई कोर्ट के मुताबिक, ,सिर्फ लोन के पैसे लौटाने के लिए बार-बार याद दिलाना या पैसे मांगना आत्महत्या के लिए उकसाना नहीं माना जा सकता.

